आजाद भारत न्यूज़-खोंगसरा/कोटा/बिलासपुर
खोंगसरा। आमागोहन खोंगसरा में मुस्लिम समाज द्वारा ईद-ए-मिलाद-उन-नबी (मिलाद शरीफ) का पावन पर्व श्रद्धा, उल्लास और आपसी भाईचारे के साथ मनाया गया। इस अवसर पर समाज के लोगों ने बड़ी संख्या में उपस्थित होकर मिलाद शरीफ में सहभागिता की तथा हजरत मुहम्मद साहब की शिक्षाओं को याद किया।

ईद-ए-मिलाद-उन-नबी इस्लाम धर्म में महत्वपूर्ण अवसर है, जिसे पैगंबर-ए-इस्लाम हजरत मुहम्मद साहब के जन्मदिवस के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर लोगों ने उनके जीवन, उनके संदेश और मानवता के प्रति उनके बताए रास्ते को याद करते हुए अमन, शांति, प्रेम और भाईचारे का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान धार्मिक रस्में अदा की गईं और सामूहिक दुआ का आयोजन किया गया। उपस्थित लोगों ने देश, प्रदेश, क्षेत्र एवं समाज की खुशहाली, अमन-चैन और आपसी सद्भाव के लिए दुआ की। कार्यक्रम में मिलाद शरीफ पढ़ा गया तथा हजरत मुहम्मद साहब की शान में नात पेश की गई। धार्मिक माहौल में लोगों ने पूरे श्रद्धाभाव के साथ कार्यक्रम में सहभागिता निभाई।
इस अवसर पर समाज के लोगों ने कहा कि हजरत मुहम्मद साहब ने इंसानियत, सच्चाई, जरूरतमंदों की मदद, प्रेम, भाईचारे और शांति का संदेश दिया। उनके बताए आदर्शों को अपने जीवन में अपनाना और समाज में आपसी सौहार्द बनाए रखना ही इस पावन पर्व का मुख्य उद्देश्य है।
जमाते गौसिया कमेटी की रही महत्वपूर्ण भूमिका
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी के आयोजन में जमाते गौसिया कमेटी खोंगसरा की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कमेटी के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग किया।
मोरतिबा — जमाते गौसिया कमेटी खोंगसरा
सदर — जनाब मोहम्मद हारून
सचिव — जनाब मोहम्मद रमजान कुरैशी
खजांची — शहजादा अली
इसके अलावा कार्यक्रम में समाज के वरिष्ठ एवं सक्रिय लोगों में सरपरस्त मोहम्मद अजहर खान, शेख कमर कुरैशी, सुबराती कुरैशी, जुम्मत, बशीर खां, मोहम्मद कबीरुद्दीन, शेख नूर, मोहम्मद असलम शाह कुरैशी, रियाज रजा, सरफराज, हसन, मजीद एवं जहीर सहित अन्य समाजजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में शामिल लोगों ने एक-दूसरे को ईद-ए-मिलाद-उन-नबी की मुबारकबाद दी। पूरे आयोजन के दौरान धार्मिक श्रद्धा के साथ-साथ आपसी प्रेम और भाईचारे का वातावरण देखने को मिला।
समाज के लोगों ने कहा कि ऐसे धार्मिक एवं सामाजिक आयोजन समाज को एकजुट करने के साथ-साथ नई पीढ़ी को भी अपने धर्म, संस्कार और मानवता के मूल्यों से जोड़ने का कार्य करते हैं। हजरत मुहम्मद साहब के संदेशों को जन-जन तक पहुंचाना और उनके बताए इंसानियत के रास्ते पर चलना हम सभी की जिम्मेदारी है।
आजाद भारत न्यूज़ के लिए — खोंगसरा से विशेष रिपोर्ट।
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