February 4, 2026

सड़क उखड़ने लगी, सवालों से भाग रहे अधिकारी!जनमन योजना की 25 सड़कों पर घटिया निर्माण का आरोप, कांग्रेस जनप्रतिनिधियों ने खोली पोल—सभी सड़कों की जांच की मांग तेज

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आजाद भारत न्यूज़/ बेलगहना-कोटा- प्रदीप शर्मा की रिपोर्ट:
कोटा विकासखंड के भेलवा टिकरी  में चल रहे सड़क निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर अब क्षेत्र में जबरदस्त नाराजगी देखने को मिल रही है। ग्रामीणों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों का आरोप है कि सड़क निर्माण में मानकों की अनदेखी कर घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है, जिसका परिणाम यह है कि सड़क बनने से पहले ही उखड़ने लगी है।
लोगों का कहना है कि यह मामला सिर्फ एक सड़क का नहीं, बल्कि जनमन योजना के तहत पूरे क्षेत्र में बन रही 25 सड़कों से जुड़ा हुआ है, जिन्हें एक ही ठेकेदार द्वारा बनाया जा रहा है। ऐसे में यदि एक सड़क में ही बड़ी गड़बड़ी सामने आ रही है, तो बाकी सड़कों की गुणवत्ता पर भी गंभीर सवाल उठना लाजिमी है।


WMM कार्य में भारी अनियमितता का आरोप
ग्रामीणों के अनुसार भेलवा टिकरी रोड में WMM (Wet Mix Macadam) का कार्य किया जा रहा है। नियमों के मुताबिक WMM में 60mm, 40mm, 20mm, 10mm मेटल और जीरा/डस्ट को निर्धारित अनुपात में मिक्स कर बिछाया जाना जरूरी होता है।
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि मौके पर जो सामग्री डाली जा रही है, उसमें मेटल की मात्रा बेहद कम दिखाई दे रही है और अधिकतर केवल जीरा माल/डस्ट जैसा पदार्थ नजर आ रहा है। जबकि तकनीकी प्रावधानों के अनुसार WMM में करीब 50% 40mm गिट्टी का होना जरूरी माना जाता है, जिससे सड़क की बेस मजबूत बनती है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि WMM की बेस परत ही कमजोर बना दी गई तो सड़क कुछ ही महीनों में टूटने, धंसने और गड्ढों में बदलने लगेगी।
“सवाल पूछने पर जवाब नहीं, अधिकारी बचते नजर आए”
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाए जाने के बाद संबंधित अधिकारी जवाब देने के बजाय बचते हुए नजर आए।
लोगों का कहना है कि जब सड़क की मजबूती और सामग्री को लेकर सवाल किया गया, तब मौके पर मौजूद जिम्मेदारों ने स्थिति स्पष्ट करने के बजाय टालमटोल रवैया अपनाया, जिससे जनता में रोष और संदेह बढ़ गया है।


कांग्रेस जनप्रतिनिधियों अमित और साथियों ने खोली पोल
घटिया निर्माण की शिकायत मिलते ही कांग्रेस के स्थानीय जनप्रतिनिधि अमित अपने साथियों के साथ मौके पर पहुंचे और निर्माण कार्य का निरीक्षण किया।
जनप्रतिनिधियों ने सड़क की स्थिति देखकर नाराजगी जताई और निर्माण कार्य में लापरवाही पर सवाल खड़े किए।
उनका कहना है कि जनता के टैक्स के पैसों से बन रही सड़क में इस तरह का घटिया निर्माण सीधे जनता के साथ धोखा है और इसे किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
कांग्रेस जनप्रतिनिधियों ने कहा कि—
✅ सड़क निर्माण में क्वालिटी और मिक्सिंग का पालन हो
✅ सरकारी मानकों के अनुसार मेटल का अनुपात सुनिश्चित किया जाए
✅ गड़बड़ी मिलने पर ठेकेदार पर तत्काल कार्रवाई हो


“यह सिर्फ एक सड़क नहीं, 25 सड़कों की जांच जरूरी”
ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह सिर्फ भेलवा टिकरी रोड का मामला नहीं है।
जनमन योजना के तहत क्षेत्र में 25 सड़कें बनाई जा रही हैं, इसलिए अब जरूरत है कि सभी 25 सड़कों की संयुक्त और निष्पक्ष जांच कराई जाए।


जनप्रतिनिधि अमित ने कहा—
“हम हर रोड पर जाकर इसी तरह जांच करेंगे और जहां भी गड़बड़ी मिलेगी, वहां विरोध दर्ज कराएंगे। हमें विकास चाहिए, लेकिन मजबूत और टिकाऊ सड़क चाहिए।”
ग्रामीणों की प्रमुख मांगें
ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन से मांग की है कि—
 जनमन योजना के तहत बन रही सभी 25 सड़कों की तकनीकी जांच कराई जाए
 निर्माण में उपयोग सामग्री की लैब टेस्टिंग रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए
 गुणवत्ता में कमी मिलने पर संबंधित सड़क का कार्य तुरंत रोका जाए
 दोषी ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई हो
 घटिया निर्माण होने पर सड़क को मानक अनुसार दोबारा बनाया जाए।


विरोध की चेतावनी
ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द ही जांच और कार्रवाई नहीं की गई तो वे जिला प्रशासन और विभागीय अधिकारियों से मिलकर लिखित शिकायत, स्थल निरीक्षण, और कार्यवाही की मांग करेंगे।
जनता का कहना है कि जनमन योजना जैसी महत्वपूर्ण योजना का उद्देश्य क्षेत्र का विकास है, लेकिन अगर सड़कें बनने से पहले ही उखड़ने लगें तो यह विकास नहीं बल्कि सरकारी धन की बर्बादी और जनता के साथ अन्याय होगा।


रिपोर्ट: आजाद भारत न्यूज़

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